ज्योतिष शास्त्र में सूर्य और चंद्र ग्रहण दोनों को बहुत ही अशुभ घटनाएँ माना जाता है। इनका असर न केवल देश-दुनिया पर, बल्कि राशिचक्र की सभी राशियों पर भी पड़ता है।
इस बार होली 14 मार्च 2025 को एक खास खगोलीय संयोग के साथ मनाई जाएगी। इस दिन न केवल साल का पहला चंद्र ग्रहण लगेगा, बल्कि ग्रहों के राजा सूर्य का मीन राशि में गोचर भी होगा।
होली रंगों का त्योहार है। इसलिए भगवान को रंग चढ़ाना और भी खास और शुभ होता है। इसलिए यह जानना जरूरी है कि किस भगवान को कौन सा रंग चढ़ाया जाता है और उसका क्या महत्व है।
होली फाल्गुन मास की पूर्णिमा को मनाई जाती है, जिसके 8 दिन पहले होलाष्टक तिथि रहती है। आध्यात्मिक ग्रंथों के अनुसार इस समय ब्रह्मांडीय ऊर्जा बहुत अधिक होती है तथा ग्रह अपने स्थान बदलते हैं।